भूमिहार के बारे में हम लोग खूब चर्चा करते हैं। लेकिन क्या कभी हम लोगों ने कभी रूक कर सोचा है कि हमारा लक्ष्य क्या है। या फिर भूमिहार समाज को किन किन लक्ष्यों को साधने के प्रति चिंतनशील होना चाहिए। इस समाज के लोगों में क्या क्या गुण और क्या क्या कौशल होना चाहिए। एक सामान्य जीव के तरह पैदा होना, उसी तरह अपनी उदरपूर्ति करना, उसी तरह रोटी, कपड़ा और मकान के पीछे भागना यह तो भूमिहार की बात नहीं है।
हम अतीत की चर्चा जरूर करते हैं, क्योंकि अतीत हमारा गौरवशाली है। लेकिन सिर्फ अतीत का ढिंढोरा पीटने से क्या हासिल होगा। तो अभी चल रहे लॉकडाउन में हम सब को यह चिंतन करना चाहिए कि भूमिहार समाज कहीं अन्यों से पीछे न रह जाए, बल्कि सबल बने, सामर्थ्यवान बने, उसके लिए क्या करना चाहिए। आपका समाज अगर सबल और सामर्थ्यवान न रहा तो वह मिट जाएगा, संसार में बहुत प्रतिस्पर्धा है। भूमिहार समाज के युवकों में क्या गुण होना आपकी दृष्टि में आवश्यक है, इन सब पर हम सबों को अपना अपना चिंतन करना चाहिए और एक जगह व्यक्त करना चाहिए।
( और पढ़े – अपने मूल लक्ष्य से भटकती भूमिहारों की युवा पीढ़ी )
मेरी दृष्टि में एक भूमिहार युवक में, अन्य सांसारिक गुणों के अतिरिक्त, निम्नलिखित गुण अवश्य होने चाहिए:
१. वह अपनी संस्कृति के प्रति उत्सुक हो, संस्कृति का सम्मान करे व उसका ज्ञान रखे।
२. निर्भीक हो। इसके लिए किसी एक या अधिक शस्त्र विद्या और एक मार्शल आर्ट की भी शिक्षा अवश्य ग्रहण करे।
३. अपने समाज के किसी व्यक्ति का – स्त्री हो अथवा पुरूष – अपमान करने का भाव न रखे।
४. घर और समाज के बुजुर्गों का सम्मान करे।
५. शराब और अन्य व्यसनों से दूर रहे।
आपके विचारों का स्वागत है।
( लेखक अभिषेक शर्मा सुप्रीम कोर्ट में अधिवक्ता हैं )





(1) A strong urge . . . Lust . . . To excel in education
(2) whatever be inside, but, the sweetest behavior . . .
Education I mean of every and any type . . . Including sports . . . Music . . . Agriculture . . .
एक और चीज है हुनरमंद हो । बदलते समय के साथ नई तकनीक और परशिक्षण को ग्रहण करें ।,??
Good thinking in a good way.
जितने भी युवा है ना उनका उद्देश्य खुद के परिवार और समाज के लोगो को मदद के लिए होना चाहिए ।ये नही जो किसी के पार्टी या किसी व्यक्ति के सोच के साथ आप किस भी व्यक्ति के विचारों से सहमत हो सकते है लेकिन खुद का भी एक स्टेटस रखिये उससे नीचे नही उतारिये देखते है यहाँ लोग एक दूसरे को कमेंट मैं ही गाली दे रहे है और ये केवल युवा नही कुछ बुजुर्ग भी है अपने ही समाज के लोगो को गाली देकर आप खुद को सम्मानित कैसे महसूस कर लेते है किसी ओर के लिए ओर अगर आपकी जमीर समाज को नही मानता तो समाज से जरिये ही नही इससे लोग अपनी बात नही रखना चाहते कंमेंट या पोस्ट मैं सहायत मिलती है लेकिन गली सुनके लोग सहायता नही लेना चाहते है ये बात अलग है जो सहायता करता है वो गली नही देता है । धन्यवाद।
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