केंद्रीय रेल राज्यमंत्री मनोज सिन्हा आज बिहार के दौरे पर हैं. उन्होंने अपने इस दौरे के दौरान कई रेल परियोजनाओं को झंडी दी. इसी क्रम में वे नवादा भी गए जहाँ अदभूत दृश्य उपस्थित हुआ जब उनकी अगवानी के लिए नवादा रेलवे स्टेशन पर स्वयं केन्द्रीय मंत्री गिरिराज सिंह आए. यानी एक भूमिपुत्र ने दूसरे भूमिपुत्र का स्वागत किया. उनकी अगवानी की और साथ-साथ शिलान्यास और उद्घाटन का कार्यक्रम हुआ. इस ऐतिहासिक क्षण में नवादा में किऊल-गया रेलखण्ड के दोहरीकरण एवं तिलैया-किऊल रेलखण्ड के विद्युतीकरण के काम की शुरुआत हुई. किउल-गया रेल खण्ड के दोहरीकरण से बिहार के चार जिलों लखीसराय,शेखपुरा,नवादा एवं गया सीधे-सीधे फायदा होगा.इस दोहरीकरण का लाभ बिहारवासियों के साथ ही साथ दिल्ली-हावड़ा-मालदा मार्ग पर यात्रा करने वाले अन्य प्रदेश के यात्रियों को भी मिलेगा और तिलैया-किउल खण्ड के विद्युतीकरण के बाद ट्रेनों की गति बढेने से समयपालन में सुधार के साथ इस खण्ड पर मेमू ट्रेनों का परिचालन भी सम्भव हो सकेगा.
पूरे कार्यक्रम के दौरान मनोज सिन्हा और गिरिराज सिन्हा हमेशा साथ-साथ दिखे और ये साथ सिर्फ तस्वीर खिंचाने वाला साथ नहीं दिखा, बल्कि एक – दूसरे को देखकर आहलादित होने वाला भाव था. तो इसे देखकर भूमिपुत्रों से जलने वाले आज खूब जले होंगे. चारा चोर और मिट्टी चोर को ये देखकर जरुर धक्का लगा होगा कि लाख मिटाने पर इनकी हस्ती मिटती नहीं, ये किस मिट्टी के बने हैं अब वो मिट्टी चुरानी है. बहरहाल आज बिहार में भूमिपुत्रों का जलवा है, सो पूरे बिहार की नज़र इनपर है. जरुरत है इन्हें काला टीका लगाने की, क्योंकि मिट्टी चोरों की कहीं इन्हें नज़र न लग जाए !









