मंत्री हो या संतरी नियम सबके लिए बराबर होता है और इसका पालन भी उन्हें करना चाहिए. यदि वे ऐसा नहीं करते तो समाज और देश के नागरिकों पर उसका बुरा असर पड़ता है. जैसा कि आप जानते ही हैं कि केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह इन दिनों बीमार हैं और अस्पताल में स्वास्थ्य लाभ ले रहे हैं. उन्हें देखने और उनका हाल -चाल पूछने भी लोग आ रहे हैं. इसी क्रम में केंद्र सरकार में मंत्री धर्मेन्द्र प्रधान और उनकी धर्मपत्नी भी अस्पताल पहुंची व गिरिराज सिंह का हाल-चाल पूछा. लेकिन इस क्रम में उन्होंने एक चूक की जिसे भूमंत्र के जागरूक पाठकों ने नोटिस भी किया और उसपर प्रतिक्रिया भी दी.पढ़िए –
Satyendra Kumar – हम तो देखे है कि अस्पताल मे अगर किसी मरीज से मिलना है तो चप्पल जूता खोल के जाना पड़ता है । लेकिन कोई सज्जन उनसे मिलने गए तो चप्पल पहिनले थे । इसका मतलब हम क्या समझे समझ नहीं आ रहा है ? हमसे गलती हो गया ये कमेंट करके इसके लिए हम क्षमा प्रार्थी है। इस तस्वीर मे मान्य्नीय श्री धरमेन्द्र प्रधान जी है जो केंद्र सरकार के मंत्री है । नियम कानून यही लोग बनाते है । हो सकता है अस्पताल का नियम बदल के चप्पल पहन के आये है । जय श्री राम।
Kameshwar Pandey : बैठने का अंदाज भी क्या उचित है ? सामान्य शिष्टाचार में कम से कम पैर तो नीचे रखते! देखिए आप भी तस्वीर. बात तो ठीक ही कही जा रही है –





