सोंच ईमानदार हो तो कुछ भी असंभव नहीं। कुछ ऐसा ही कर दिखाया है गाजीपुर के सांसद और केंद्रीय मंत्री मनोज सिन्हा ने। उन्होंने जीर्ण-शीर्ण स्कूल की कुछ ही दिनों में कायापलट कर रख दी। पुरानी और नयी तस्वीर देखकर सहसा यकीन करना मुश्किल होता है कि दोनों एक ही स्कूल है।ये एक प्राथमिक विद्यालय है। इस संबंध में सूचना देते हुए मनोज सिन्हा लिखते हैं-

अपनी लोकसभा ग़ाज़ीपुर में गोद लिए गये स्कूल में बच्चों को बेहतर शिक्षा के लिए स्कूल की दीवारों की मरम्मत ,सुंदरीकरण, बच्चों के बैठने के लिए बेंच का प्रबन्ध,खेलने के लिए झूलों का प्रबंध, बच्चे आसानी से और सुरक्षित स्कूल तक पहुँच सकें इसके लिए सड़क का निर्माण करवाया गया। बच्चों को जल्द डिजिटल शिक्षा की उपलब्धता हो इसका प्रयास किया जा रहा है । जल्द ही गोद लिए गए प्राथमिक विद्यालय समेत कुछ अन्य विद्यालयों में भी स्मार्ट क्लास की व्यवस्था करवायी जाएगी ।

स्कूल की पहले और बाद की तस्वीर