Feb 08, 12:05 am

साभार – दैनिक जागरण

पटना [जागरण ब्यूरो]। केंद्रीय मंत्री राम विलास पासवान ने राष्ट्रकवि रामधारी सिंह दिनकर की कृति रश्मिरथी को पुन: पाठ्यक्रम में शामिल करने की मांग बिहार सरकार से की है। उन्होंने कहा कि प्रदेश के लिए दुर्भाग्य की बात है कि दिनकर जी की कृति ‘रश्मिरथी’ को पाठ्यक्रम से हटा दिया गया है। उन्होंने कहा दिनकर जी को भारत रत्न मिलना चाहिए। इसकी लड़ाई वह खुद लड़ेंगे।
सिमरिया में दिनकर की स्मृति के लिए उन्होंने केंद्रीय पर्यटन मंत्री अंबिका सोनी से भी बात है। पासवान ने कहा कि हम अपने अतीत व गौरव को भूल गए हैं। राष्ट्रकवि दिनकर की चर्चा करते हुए उन्होंने कहा कि वह धारा के विपरीत होकर चले। उन्हें समझने के लिए दिल और दिमाग दोनों चाहिए।
स्व दिनकार का संसद में तैल चित्र लगवाने पर केंद्रीय मंत्री रामविलास पासवान शनिवार को सम्मानित किए गए। सम्मान समारोह में दिनकर के पुत्र केदार बाबू भी मौजूद थे। स्कूली छात्र-छात्राओं ने दिनकर की रचनाओं पर आधारित गायन व अभिनय का कार्यक्रम प्रस्तुत किया।