मोकामा. ‘संवाद से समाज बदलेगा’ की सोंच के तहत मुजफ्फरपुर के बाद मोकामा के परशुराम मंदिर में दूसरा भूमंत्र संवाद आयोजित किया गया. इसका नेतृत्व वरिष्ठ समाजसेवी प्रणव शेखर शाही और भूमंत्र के मॉडरेटर पुरुषोत्तम सिंह ने किया. संवाद लगभग दो घंटे चला जिसमें भू-समाज से जुडी कई सामजिक समस्याओं पर गहन मंथन हुआ. लेकिन निष्कर्ष के रूप में सर्वसम्मति से ये बात सामने आयी कि भूमंत्र को राजनीति से दूर रखा जाए. साथ ही ये राय भी बनी कि आलोचनात्मक दृष्टिकोण के साथ सामाजिक उत्थान संभव नहीं. इसलिए सकरात्मक पहलुओं पर ज्यादा ध्यान दिया जाए. क्योंकि समाज को जोड़ने का काम सकरात्मक तरीके से ही हो सकता है. अंत में भूमंत्र के मॉडरेटर पुरुषोत्तम सिंह को परशुराम मंदिर में होने वाले यज्ञ पर आने का आमंत्रण भी मिला.

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